जब आप हँस रहे होते हैं तो ख़ुदा की इबादत कर रहे होते हैं, और जब आप किसी को हँसा रहे होते हैं तो ख़ुदा आपकी इबादत कर रहा होता है - ओशो

Wednesday, March 02, 2011

बारिश

बारिश में भीगी हुई नायिका को देखकर, बुड्ढों के भी मन में मयूर नाचने लगे ,


रंगने लगे वो बाल ठोकने लगे हें ताल, उम्र को छुपाने वाला चूर्ण  चाटने लगे .

कुरता कलफदार छतरी से रोक धार ,ऐनक से घूर घूर रूप आंकने लगे .

किन्तु एक षोडशी बाला  ने जब  बाबा कहा, छाती माथा कूटकर बगल झाँकने लगे ........kavirameshmuskan@gmail.com

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